चार दिन पहले यही लोग पेपर लीक और नकल माफियाओं के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे थे, और आज मंच से नकल को लेकर अलग संदेश देते दिखाई दे रहे हैं।
जिस समय अखिलेश यादव की सरकार थी, उस दौरान भी पेपर लीक और नकल जैसे मुद्दों पर लगातार सवाल उठते रहे। आज इन गंभीर मुद्दों पर राजनीति करने के बजाय